सपा नेता अतीक अहमद की बढ़ीं मुश्किलें

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इलाहाबाद : फूलपुर के पूर्व सांसद और सपा नेता अतीक अहमद की मुश्किलें जेल जाने के बाद भी कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। शियाट्स में मारपीट और लूटपाट के मामले में उनकी गिरफ्तारी के बाद अब कोर्ट ने इस मामले की जांच के लिए डीजीपी से काबिल पुलिस अधिकारी का नाम देने को कहा है। कोर्ट ने अब तक की जांच पर असंतोष जताते हुए कहा कि, जिस जांच अधिकारी ने अब तक हीलाहवाली की और अतीक को गिरफ्तार नहीं किया उसे इस केस की विवेचना की इजाजत नहीं दी जा सकती। हाई कोर्ट ने सरकारी वकील के जरिए डीजीपी से नए जांच अधिकारी का नाम मांगा है। यह आदेश चीफ जस्टिस डी.बी.भोसले और जस्टिस यशवंत वर्मा की खंडपीठ ने शियाट्स के प्रॉक्टर रामकिशन सिंह की सुरक्षा की मांग को लेकर दाखिल याचिका पर सुनवाई करते हुए सोमवार को दिया है। कोर्ट ने इस बात पर भी नाराजगी जताई कि, पुलिस ने अब तक अतीक की क्रिमिनल हिस्ट्री क्यों नहीं दी। कोर्ट ने कहा कि, 15 फरवरी तक अतीक के साथ ही इस मामले के अन्य आरोपियों की क्रिमिनल हिस्ट्री और उन पर चल रहे मुकदमों की स्टेटस रिपोर्ट पुलिस पेश करे। 50 के खिलाफ है मामला दर्ज : अतीक अहमद ने करीब 50 समर्थकों के साथ शियाट्स परिसर में घुसकर तोड़फोड़, लूटपाट और मारपीट की। इस मामले में अतीक समेत चार लोगों को नामजद करते हुए करीब 50 लोगों के खिलाफ नैनी थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। राजनीतिक दबाव में गिरफ्तारी नहीं : 14 दिसंबर 2016 को हुई इस घटना में अब तक तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है। हालांकि राजनीतिक दबदबे के चलते करीब दो महीने बीतने के बाद भी पुलिस ने अतीक को गिरफ्तार नहीं किया था। जबकि अतीक ने इसी मामले में कराई गई एफआईआर को वापस लेने के लिए शियाट्स के पीआरओ को धमकी भी दी थी। इस मामले के अन्य आरोपी अब भी गिरफ्तार नहीं किए गए हैं। नैनी जेल में है अतीक : हाईकोर्ट ने शैक्षिक परिसर में जबरन घुसने को गंभीर माना और कहा कि, आरोपियों की गिरफ्तारी क्यों नहीं की गई। कोर्ट के दबाव के बाद अतीक अहमद को बयान देने के लिए बुलाकर 11 फरवरी को पुलिस ने गिरफ्तार किया। फिलहाल वह नैनी जेल में है। लेकिन जेल में भी उसकी गतिविधियां थमी नही है। याचिका पर अगली सुनवाई बुधवार को होगी। कोटेशन, कोर्ट ने अब तक की जांच पर असंतोष जताते हुए कहा कि, जिस जांच अधिकारी ने अब तक हीलाहवाली की और अतीक को गिरफ्तार नहीं किया उसे इस केस की विवेचना की इजाजत नहीं दी जा सकती।

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